संस्थान की चालू परियोजनाएँ निम्नानुसार वर्गीकृत हैं।

 

शीर्षक: वैकल्पिक पोटैशियम उर्वरकों के लिए भारतीय ग्लौकोनाइटों का खनिजीय और भूरसायनिक लक्षण वर्णन
उद्देश्य:

* ग्लौकोनाइट का खनिजीय और भूरसायनिक लक्षण वर्णन

* अवसादीय और स्तरिक प्रभाव

* उर्वरक उद्योग में उपयोग के लिए ग्लौकोनाइट्स
प्रायोजक: खान मंत्रालय
अवधि: 03/2016 - 02/2019
प्रतिभागी: डॉ. पी.वी. सुंदर राजु, श्री मुहम्मद आरिफ
   
शीर्षक: चयनित स्वर्ण संभावनाएं: पूर्वी और पश्चिमी धारवार क्रेटॉनों के हरिताश्म पट्टी क्षेत्रों में भूवैज्ञानिक, भूरसायनिक एवं भूभौतिकीय अध्ययनों के माध्यम से एक लक्षित एकीकृत पद्धति
उद्देश्य:

* हरिताश्म पट्टी क्षेत्रों का खनिजीय एवं भूरसायनिक लक्षण वर्णन

* पूर्वी धारवार क्रेटॉन और पश्चिमी धारवार क्रेटॉन पूर्वेक्षण क्षेत्र में हरिताश्म पट्टी क्षेत्र में स्वर्ण खनिजीभवन का अन्वेषण।

* भूवैज्ञानिक, भूरसायनिक और भूभौतिकीय औजारों का उपयोग करके पहले से मौजूद खनन क्षेत्र के समानांतर स्वर्ण खनिजीभवन के विस्तार को स्पष्ट करना।
प्रायोजक: विज्ञान और इंजीनियरी अनुसंधान बोर्ड (विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग)
अवधि: 03/2016 - 02/2018
प्रतिभागी: डॉ. पी.वी. सुंदर राजु, श्री मुहम्मद आरिफ
   
शीर्षक: सिंहभूम अपरूपण मंडल, छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों, कालाड्गी और भीमा द्रोणियों के हिस्सों पर हेलीवाहित भूभौतिकीय सर्वेक्षण
उद्देश्य: यूरेनियम अन्वेषण के लिए अनुकूल क्षेत्रों का पता लगाना।
प्रायोजक: परमाणु खनिज निदेशालय (ए एम डी)
अवधि: 01/2014 - 12/2016              10/2018 तक बढ़ाई गई।
प्रतिभागी: प्रधान अन्वेषक: डॉ. अजय मांग्लिक
   
शीर्षक: कृष्णा-गोदावरी अपतटीय द्रोणी, बंगाल की खाड़ी पर वेल लॉग तथा भूकंपी डाटा का उपयोग करके विस्तृत पुरा पर्यावरणीय प्रतिरूपण अध्ययन
उद्देश्य:

* बेज तंत्रिक नेटवर्क और तरंगिका विश्लेषण का उपयोग कर वेल लॉग और भूकंपी डाटा से सूक्ष्म पैमाने पर आश्मिक वितरण का निर्माण करना।

* कृष्णा गोदावरी द्रोणी में गैस हाइड्रेट के निक्षेपण वातावरण और रचना को बेहतर ढंग से समझने के लिए शैल–भौतिकीय पैरामीटरों को निर्धारित करना और उनका लक्षण वर्णन करना।

* कृष्णा-गोदावरी द्रोणी में आश्मिक-स्तरिकी तथा चुंबक-स्तरिकी के बीच संभावित संबंध का पता लगना।
प्रायोजक: विज्ञान और इंजीनियरी अनुसंधान बोर्ड – नेशनल पोस्ट डॉक्टोरल फेलोशिप
अवधि: 08/2017 - 08/2019
प्रतिभागी: डॉ. अमृता सिंह
   
शीर्षक: कृष्णा गोदावरी द्रोणी, भारत के लिए पारंपरिक और गैर-पारंपरिक साधनों का उपयोग करके संभाव्य प्रबंधन जोखिम को कम करने के लिए गैस हाइड्रेट्स संसाधन वितरण की विषमांगता को समझना
उद्देश्य:

* गैस हाइड्रेट मंडल की खोज करना और इसकी संतृप्ति का अनुमान लगाना।

* विभंग और आश्मिक सहसंबंध के साथ-साथ गैस हाइड्रेट मण्डल के लक्षण वर्णन के लिए फ्रैक्टल अध्ययन किया जाएगा।

* गणितीय रूपान्तर और व्युत्क्रमण विधियों का उपयोग कर संस्तर सीमा का पता लगाना।

* सरंध्रता, पारगम्यता और गैस हाइड्रेट्स संतृप्ति आकलन को पाने के लिए ए एन एन और रेडियल बेसिस फंक्शन (आर बी एफ) अंतर्वेशन विधियाँ लागू की जाएंगी।

* अध्ययन क्षेत्र के लिए संशोधित आर्की नियम प्रस्तावित किया जाएगा।
प्रायोजक: विज्ञान और इंजीनियरी अनुसंधान बोर्ड – नेशनल पोस्ट डॉक्टोरल फेलोशिप
अवधि: 08/2017 - 08/2019
प्रतिभागी: डॉ. बप्पा मुखर्जी

 

पृष्ठ अंतिम अपडेट: 13-07-2018